आप भी पीठ और कमर दर्द से परेशान हैं ! कारण व समाधान जानने के लिए ज़रुर पढ़ें

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कैल्शियम की गोली नियमित रुप से लेनी चाहिए और दूध का सेवन अधिक से अधिक मात्रा में करना चाहिए । शरीर को फुर्तीला बनाए रखने के लिए व्यायाम या योगाभ्यास भी करना जरुरी है ।

बढ़ती उम्र के साथ पीठ में दर्द होना या गर्दन में दर्द , कमर या फिर घुटनों का दर्द बड़ा ही कॉमन है लेकिन आजकल की प्रतिस्पर्धा भरी जिंदगी में युवावस्था से ही हम शारीरिक दर्द को झेलते हुए जीने को मजबूर हो जाते हैं । इस स्थिति के लिए कहीं ना कहीं अत्यधिक तनाव, रहन-सहन और हमारे उठने-बैठने की आदतें जिम्मेदार हैं ।  

गर्भावस्था के दौरान भी पीठ के नीचले हिस्से में दर्द होता है क्योंकि गर्भाशय में पल रहे शिशु के अतिरिक्त भार से शरीर का वजन काफी बढ़ जाता है जिसके कारण कमर की मांसपेशियों पर दबाब पड़ने से ही अधिक दर्द होने लगता है । हालांकि अधिकांश महिलाओं को प्रसव के बाद से लगातार कमर दर्द की समस्या रहती है । जिससे निज़ात पाने के लिए कैल्शियम की गोली नियमित रुप से लेनी चाहिए और दूध का सेवन अधिक से अधिक मात्रा में करना चाहिए । शरीर को फुर्तीला बनाए रखने के लिए व्यायाम या योगाभ्यास भी करना जरुरी है ।

नई पीढ़ी को कम उम्र से ही क्यों होने लगता है पीठ और कमर दर्द

मेट्रो शहरों की लाईफस्टाईल में बड़ी रफ्तार होती है और जो भी बदलते समय के साथ कदमताल करते हुए तरक्की की ऊंचाईयों को छूना चाहते हैं उनके लिए चुनौतियां कम नहीं है । 24X7 की कार्यशैली नई पीढ़ी की जीवनशैली को कई मायनों में प्रभावित कर रही है ।

  • लगातार कई घंटों तक बैठकर काम करने से बदन में पीड़ा होने लगती है, कई बार तो पैर में सूजन आने की समस्या देखने को मिलती है 
  • अचानक से किसी कारणवश वजन बढने पर भी कमर दर्द शुरु हो जाता है
  • बैठे-बैठे या चलने के दौरान मांसपेशियों में खिंचाव आ जाने से बैक पेन हो सकती है  
  • अगर आप सामान्य भार से अधिक वजन उठाने की कोशिश करते हैं तो भी दर्द का कारण बन सकता है 
  • बैठने या सोने के गलत पोज़िशन/पोश्चर भी बैक पेन या कमर दर्द की एक बड़ी वजह बन सकती है 
  • कई बार हाई हील्स या फुट-वियर के आरामदायक ना होने के कारण भी मांसपेशियों में दर्द हो जाता है 

लास्ट बट नॉट द लीस्ट....मोबाईल पर मैसेजिंग, रीडिंग या फिर गेम खेलते रहने के हम सभी आदी हैं लेकिन फिर भी आपको ये बात मालूम होनी चाहिए कि लगातार घंटे भर गर्दन झुका कर ऐसा करने से सरवाईकल पेन यानि गर्दन में दर्द की संभावनाऐं बढ़ जाती है । समस्या बढ़ने से कंधे, बाजू और पूरी पीठ में भी दर्द होने लगता है ।

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कमर दर्द से छुटकारा पाने के लिए आजमाएं ये नुस्खे

  • सरसों के तेल में लहसून की कलियां डाल कर पका लें, आप चाहें तो इसमें अजवाईन डाल कर भी पका सकती हैं । अच्छी तरह पक जाने पर ठंढ़ा होने के लिए छोड़ दें और फिर इससे मालिश करवाएं ।
  • अजवाईन का सेवन भी अच्छे परिणाम देता है ।
  • नमक को एक पोटली में भर कर हल्का गर्म करके उससे कमर की सिकाई करें आराम मिलेगा ।
  • गुनगुने पानी से स्नान करने से भी शारीरिक पीड़ा कम होती है ।
  • गर्म पानी से सिकाई भी लाभदायक होता है ।
  • सोने के लिए सही बिस्तर का चुनाव करें अधिक धसने वाला बेड नुकसानदायक है ।
  • बगैर तकिया के या सही तकिया लगाकर सोएं अधिक ऊंचा कतई नहीं ।
  • बैठने के दौरान पीठ सीधा रखें । बैक सपोर्ट के लिए कुशन का उपयोग करें ।
  • प्रेगनेंसी के दौरान लगातार ना बैठें । हर आधे घंटे के बाद कुर्सी से उठकर टहलें फिर काम करें।
  • सामान्य स्थिति में कम से कम डेढ से 2 घंटे के अंतराल पर उठना सही रहता है ।
  • नियमित रुप से व्यायाम करना, योगा करना या टहलना निश्चित रुप से फायदेमंद होगा ।