शादी के पहले, कैसे चुनें अच्छा पार्टनर...जानिए किसे कहते हैं ‘परफेक्ट हस्बेंड मटेरियल’

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इस वेडिंग सीज़न आपको भी पति का चुनाव करना हो तो सावधान ! मासूमियत की आड़ में कहीं धोखा ना खा जाएं !

मकर संक्रांति के बाद फिर से शुभ कार्यों के लिए मुहुर्त निकलने लगते हैं और साथ ही शुरु होती है वेडिंग सीज़न । हो सकता है कि आप पूरे मन से शादी के लिए तैयार ना हुई हों, आपके हिसाब से अभी सही वक्त ना आया हो या फिर शायद आप फिलहाल अपने प्रोफेशनल डिमांड्स को पूरी तवज्जो देना चाहती हों ।

शादी की बातें टालने के लिए भले ही आप कई प्रयास करती हों लेकिन दिल के किसी कोने में आपने भी कई खूबसूरत सपने दबा कर रखे हैं । आपको ज़ल्दबाज़ी भले ही ना हो पर आप इस विषय को गंभीरता से लेती ज़रुर हैं ।

खैर, अगर आप अरैंज मैरिज के लिए तैयार हैं और आपकी उम्र 25-30 के बीच है तो अब के समय में आपके लिए सही पार्टनर ढ़ूंढना आपके माता-पिता के लिए सबसे बड़ी चुनौती होगी ।वजह चाहे जो भी हो लेकिन आपमें से कई युवतियां पैरेंट्स के किसी अच्छे प्रस्ताव को झटके से मना करने की बजाए एक बार ट्राई करने की हिम्मत रखती हैं और उनके निर्णय लेने की क्षमता की परख वही पर होती है ।

कैसे चुनें अच्छा पार्टनर...

अधिकांशत: ऐसा भी होता है कि उनकी पसंद के लिए आपकी सहमती ना बनें या दो तीन प्रस्तावों में से किसी एक को हां करने में आपकी कशमकश खत्म ही ना हो जिसके कारण शादी के लिए सही लड़के को चुनाव करना कठिन हो गया हो ।

होने वाले जीवनसाथी की सही मानसिकता या व्यवहार का पता एक दो मुलाकात से लगा पाना मुश्किल होता है कई बार वो खुद को दिखाते कुछ हैं और बाद में होता कुछ और ही है...इसलिए आपको ध्यान से निर्णय लेने की आवश्यकता है । आपकी दुविधा को दूर करने के लिए इस लेख में हम कुछ ऐसी बातें बताने जा रहे हैं जिन पर गौर करते हुए जीवनसाथी चुनना आपके लिए आसान हो जाएगा...

बड़बोले इंसान से दूर ही रहें

bahu शादी के पहले, कैसे चुनें अच्छा पार्टनर...जानिए किसे कहते हैं ‘परफेक्ट हस्बेंड मटेरियल’

अक्सर कुछ लोग आवश्यकता से अधिक बढ़ा-चढ़ कर बोलते हैं , अपनी तारीफ करते नहीं थकते जिसके कारण उनकी गलत छवि बन जाती है । खुद को काबिल साबित करने की कोशिश में ऐसे लोग अपना स्टेटस, अपने दोस्तों या रिश्तेदारों की हैसियत सब कुछ पहली ही बार में किसी ना किसी बहाने से आपके सामने रख देते हैं ताकि आप उन्हें हल्के में ना लें । संभव है कि वो अपने बारे में सही जानकारी ना दे रहे हों ।

आपकी तुलना करने वाले से ना कहें

किसी खराब या असफल रिश्ते के बाद अपने बुरे अनुभव को बदलने के लिए कुछ लड़के शादी के लिए राज़ी तो हो जाते हैं पर होने वाली पत्नी में ऐक्स को ढ़ूंढ़ने लगते हैं ऐसे व्यक्ति को संतुष्ट कर पाना मुश्किल होता है । इसलिए जब भी आपको लगे की सामने वाला आपकी तुलना किसी दूसरे से कर रहा हो उससे संबंध बनाने से बचें

लुक्स या पहनावे को लेकर टिपण्णी करने वाले को जानें दें

लड़कों की अपनी पसंद होती है, कुछ को स्ट्रेट बाल पसंद हैं, किसी को थोड़ी चबी लड़कियां भाती हैं तो किसी को बिल्कुल स्लिम । अधिकांश को फेयर स्किन वाली चाहिए होती है और कुछ को तो बिल्कुल ही सूट-सलवार वाली लड़कियां चाहिए जो आउटगोइंग ना हो ।

कई बार हम अपने आप में कुछ चीजों को बिल्कुल भी बदलना नहीं चाहते और जब दूसरे के लिए परिवर्तित होना पड़े तो कष्ट होने लगता है ।जब आप शादी के ख्याल से किसी विशेष व्यक्ति से मिलें तो आप उनकी पसंद को जानने की कोशिश करें इसके साथ ही आप ये भी पता लगा सकती हैं कि वो आपको कहां तक बदलना चाहते हैं ।

किसी भी प्रकार का ऐडिक्शन रिश्ते के लिए ठीक नहीं  

कई बार हम किसी की रुचि, आदत और लत में फर्क नहीं कर पाते । किसी को क्लब जाने या जुआ खेलने की आदत हो सकती है । शुरुआत में तो आपको सही लगेगा कि ये व्यक्ति सोशल ड्रिंकर या स्मोकर है पर इन चीजों की लत आप बर्दाश्त नहीं कर पाएंगी । इसलिए पहले ही उनकी आदतों को सही तरह से पहचान लेना सही रहेगा ।

हर छोटी बात पर गुस्सा होने वाले सही नहीं  

समझदार व्यक्ति ही अच्छा पति बन सकता है जिसमें संयम भी हो और भावनात्मक सूझ-बूझ भी । जाने-अनजाने में कोई गलती हो भी जाए तो उसे गंभीरता से ना लेना एक अच्छी आदत है । हर बात पर तुनक जाना, रुठ जाना एक अनस्टेबल व्यक्तित्व की निशानी है । इस बात का सही आंकलन करने के लिए आप ये सवाल ज़रुर पूछें कि आपको सबसे अधिक गुस्सा कब आया था...और तब आपने क्या किया ।

सिर्फ प्यार से ख्वाहिशें पूरी होती नहीं   

एक अच्छे स्वभाव वाले व्यक्ति के अलावा दूसरी अहम बात है कि उसमें काबिलियत कितनी है । अगले 5 सालों में उसके प्रोफेशनल गोल्स क्या होंगे और क्या आप दोनों की आय मिला कर या फिर उनकी ही इनकम से आप दोनों एक खुशहाल जीवन जी सकते हैं या नहीं ।

आपसी रिश्ते में खटास तब आने लगती है जब सिर्फ आपकी आवश्यकताएं ही पूरी हो रही हों सपने नहीं । वैसे ये भी सच है कि पैसे की अहमियत से अधिक रिश्ते की कीमत  को समझना चाहिए ।  

आपसे जुड़े संबंधों को स्वीकार करे तो सही

शादी के बाद जब आप दो से एक होते हैं तो दोनों परिवारों के रिश्तों को निभाने की ज़िम्मेदारी भी समान रुप से लागू होनी चाहिए । ऐसा जीवनसाथी हो जो आपके माता-पिता को सम्मान दे और उनसे लगाव रखे । उनका ये व्यवहार आप-दोनों के संबंधों को मधुर बना कर रखेगा ।